Wednesday, January 9, 2019

इमरान हाशमी की फिल्म के टाइटल से CBFC नाराज, 1 कट के साथ चीट इंडिया हुआ वाय चीट इंडिया

केंद्रीय फिल्म प्रमाणन बोर्ड (CBFC) इमरान हाशमी की आने वाली फिल्म 'चीट इंडिया' के टाइटल से नाराज है. खबरें हैं कि सेंसर ने फिल्म का टाइटल बदलने का सुझाव दिया था जिसे निर्माताओं ने मान लिया है. अब ये फिल्म 'वाय चीट इंडिया' के नाम से रिलीज होगी. फिल्म को इसी महीने 18 जनवरी को रिलीज करने की तैयारी है.

फिल्म की रिलीज़ से महज एक हफ्ते पहले ही सेंसर ने टाइटल पर आपत्ति की. सूत्रों के मुताबिक़ फिल्म को सेंसर की एक्ज़ामिनिंग कमिटी ने पिछले गुरुवार को देखा था और फिल्म के कंटेंट के हिसाब से टाइटल को 'मिस लीड' करने वाला पाया. हालांकि निर्माताओं की तरफ से दलील दी गई कि टाइटल पिछले दो साल से पब्लिक डोमेन में है और फिल्म के ट्रेलर और प्रोमोज़ में भी काफी समय से इसे चलाया जा रहा है. लेकिन सेंसर बोर्ड टाइटल बदलने के फैसले पर अडिग रहा.

निर्माताओं को जब लगा कि रिलीज़ में दो हफ्तों से भी कम समय बचा है तो विवाद को आगे न बढ़ाते हुए उन्होंने सेंसर के सुझाव पर हामी भर दी. इस तरह 'चीट इंडिया' का टाइटल बदलकर 'वाय चीट इंडिया' हो गया है. सेंसर बोर्ड के ने फिल्म को U/A सर्टीफिकेट के साथ क्लियर कर दिया है.

अपनी फिल्मों के कंटेंट को लेकर अक्सर सुर्खियों में रहने वाले इमरान की मूवी में सेंसर बोर्ड ने सिर्फ एक जगह कट लगाया है. फिल्म के एक सीन में ड्रग इस्तेमाल के शॉट को ब्लर करने के लिए कहा गया है. बताते चलें कि 18 जनवरी को इमरान की फिल्म के साथ ही राधिका आप्टे की 'बंबरिया' और गोविंदा की 'रंगीला राजा' भी रिलीज़ होने जा रही है.

पिछले साल भी सेंसर के दखल के बाद कुछ फिल्मों के टाइटल बदलने पड़े थे. संजय लीला भंसाली के निर्देशन में रणवीर सिंह और दीपिका पादुकोण स्टारर 'पद्मावत' और आयुष शर्मा की फिल्म 'लावयात्री' बदले टाइटल के साथ रिलीज हुई थी. पहले दोनों फिल्मों का टाइटल 'पद्मावती' और 'लवरात्रि' था. आपत्ति के बाद सेंसर ने टाइटल बदलने का सुझाव दिया, जिसे निर्माताओं ने मान लिया.

राफेल विमान सौदे में कथित गड़बड़ी के आरोपों पर कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी द्वारा प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी पर हमला करना लगातार जारी है. लेकिन राहुल द्वारा रक्षा मंत्री निर्मला सीतारमण को लेकर दिए गए बयान पर अभी उनकी मुश्किलें बढ़ सकती हैं. राष्ट्रीय महिला आयोग अब कांग्रेस अध्यक्ष को नोटिस भेज दिया है. राहुल गांधी ने आरोप लगाया था कि प्रधानमंत्री एक महिला के पीछे छुप रहे हैं, जिसके बाद पीएम मोदी, अमित शाह समेत कई नेताओं ने उनकी आलोचना की थी.

दरअसल, कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने एक रैली में आरोप लगाया था कि राफेल के मुद्दे पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी भाग रहे हैं और बचाव के लिए संसद में एक महिला को आगे कर दिया. जिसको लेकर महिला आयोग ने सख्त रुख अपनाया है.

कांग्रेस अध्यक्ष राहुल गांधी ने राफेल के मुद्दे पर दिए गए निर्मला सीतारमण के बयान को असंतुष्ट बताया. राहुल ने कहा, "हमने जनता की अदालत में राफेल सौदे पर सवाल उठाया. हमने मोदी जी से आगे आकर राफेल मुद्दे पर उनका रुख स्पष्ट करने की मांग की और कहा कि कांग्रेस पार्टी अपना रुख स्पष्ट करेगी. लेकिन, आपने देखा कि 56 इंच के सीने का दावा करने वाले प्रधानमंत्री ने संसद में कदम रखने का साहस नहीं दिखाया."

उन्होंने कहा कि सीतारमण ने ढाई घंटों तक भाषण दिया लेकिन उनकी सभी बातें बेकार हो गईं चूंकि वे एक सवाल का भी संतोषजनक उत्तर नहीं दे पाईं. राहुल ने कहा, "प्रधानमंत्री जनता की अदालत से भाग गए और कहा, 'सीतारमण जी मुझे बचाओ, मैं खुद को भी नहीं बचा सकता, आप हमें बचाओ.' लेकिन, वे भी अपने ढाई घंटों के भाषण में उन्हें नहीं बचा सकीं."

No comments:

Post a Comment